कोलकाता: पश्चिम बंगाल में नई सरकार बनने के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं। सोमवार को नबान्न में हुई पहली कैबिनेट बैठक में कई बड़े और अहम फैसले लिए गए। मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि उनकी सरकार “डबल इंजन मॉडल” पर चलेगी और केंद्र की योजनाओं को तेजी से लागू किया जाएगा।

कैबिनेट बैठक के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि बंगाल में अब “सुशासन, सुरक्षा और विकास” की नई शुरुआत हो चुकी है। उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी के “भय आउट-भरोसा इन” मंत्र को सरकार की प्राथमिकता बताया।
BSF को 45 दिन में जमीन देने का आदेश
नई सरकार का सबसे बड़ा फैसला सीमा सुरक्षा से जुड़ा रहा। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव और भूमि सचिव को निर्देश दिया कि BSF को बॉर्डर से जुड़ी जरूरी जमीन 45 दिनों के भीतर हस्तांतरित की जाए। सरकार ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा अहम कदम बताया।
आयुष्मान भारत समेत सभी केंद्रीय योजनाएं लागू होंगी
कैबिनेट बैठक में फैसला लिया गया कि पश्चिम बंगाल अब आयुष्मान भारत योजना से जुड़ेगा। इसके अलावा पीएम जन आरोग्य योजना, उज्ज्वला योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, विश्वकर्मा योजना और पीएम श्री जैसी योजनाओं को भी राज्य में तेजी से लागू किया जाएगा।
युवाओं को बड़ी राहत
सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए भी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। अब सरकारी नौकरियों में अधिकतम आयु सीमा 5 साल बढ़ा दी गई है, जिससे हजारों अभ्यर्थियों को फायदा मिलेगा।
BJP कार्यकर्ताओं के लिए बड़ा संदेश
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने राजनीतिक हिंसा में मारे गए BJP के 321 कार्यकर्ताओं को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि राजनीतिक हत्याओं में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और पीड़ित परिवारों के साथ सरकार मजबूती से खड़ी रहेगी।
प्रशासनिक और कानूनी सुधारों पर जोर
नई सरकार ने IAS अधिकारियों को केंद्र के प्रशिक्षण कार्यक्रमों से जोड़ने का फैसला किया है। साथ ही राज्य में भारतीय न्याय संहिता (BNS) के अनुरूप प्रशासनिक ढांचे को पूरी तरह लागू करने की तैयारी शुरू कर दी गई है।
जनगणना पर भी बड़ा फैसला
गृह मंत्रालय के 16 जून 2025 वाले जनगणना निर्देश को तुरंत लागू करने का फैसला लिया गया है। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पिछली सरकार ने इस प्रक्रिया को रोक रखा था।
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने जनता को भरोसा दिलाते हुए कहा कि उनकी सरकार “अहम नहीं, नीति” के आधार पर काम करेगी और बंगाल को विकास की नई दिशा देगी।
