ग्लैमर की दुनिया और पुलिस सेवा, दोनों को बिल्कुल अलग माना जाता है। लेकिन मध्य प्रदेश कैडर की आईपीएस अधिकारी सिमाला प्रसाद ने अपनी मेहनत और प्रतिभा से इन दोनों क्षेत्रों में अलग पहचान बनाई है। पहली ही कोशिश में बिना कोचिंग यूपीएससी परीक्षा पास कर आईपीएस बनने वाली सिमाला अब फिल्मों में भी अपनी दमदार मौजूदगी दर्ज करा रही हैं।

रीयल लाइफ की ‘लेडी सिंघम’
सिमाला प्रसाद वर्तमान में मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में एसपी के पद पर तैनात हैं। अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए पहचानी जाने वाली सिमाला ने साल 2016 में फिल्म ‘अलिफ’ से बॉलीवुड में कदम रखा था। इसके बाद फिल्म ‘नक्काश’ में भी उन्होंने अपनी अभिनय क्षमता का शानदार प्रदर्शन किया। उनकी सादगी और आत्मविश्वास उन्हें बाकी अभिनेत्रियों से अलग बनाता है।
‘द नर्मदा स्टोरी’ में निभाएंगी दमदार किरदार
अब सिमाला प्रसाद जल्द ही फिल्म ‘द नर्मदा स्टोरी’ में नजर आने वाली हैं। यह फिल्म एक पुलिस ड्रामा थ्रिलर है, जो सच्ची घटनाओं से प्रेरित बताई जा रही है। फिल्म में सिमाला ‘नर्मदा रैकवार’ नाम की एक निडर जांच अधिकारी की भूमिका निभाएंगी। फिल्म की कहानी मध्य प्रदेश और नर्मदा अंचल की पृष्ठभूमि पर आधारित है, जिसमें एक आदिवासी मां के संघर्ष को दिखाया गया है।
परिवार से मिली प्रेरणा
भोपाल के शिक्षित परिवार में जन्मीं सिमाला प्रसाद के पिता डॉ. भागीरथ प्रसाद पूर्व आईएएस अधिकारी और सांसद रह चुके हैं, जबकि उनकी मां मेहरुन्निसा परवेज प्रसिद्ध साहित्यकार हैं। सिमाला ने अपने करियर की शुरुआत डीएसपी के रूप में की थी, लेकिन उन्होंने बड़ा सपना देखा और नौकरी के साथ तैयारी करते हुए साल 2010 की यूपीएससी परीक्षा में 51वीं रैंक हासिल कर आईपीएस बनने का गौरव पाया।
जिम्मेदारी और जुनून का बेहतरीन संतुलन
सिमाला प्रसाद का मानना है कि इंसान को खुद को किसी एक पहचान तक सीमित नहीं रखना चाहिए। वे पुलिस सेवा की जिम्मेदारियों के साथ अभिनय और कला के प्रति अपने जुनून को भी जीवित रखे हुए हैं। उनका सफर आज युवाओं के लिए प्रेरणा बन चुका है कि मेहनत और लगन से हर मुकाम हासिल किया जा सकता है।
