लखनऊ: अगर आपके काम बनते-बनते बिगड़ जाते हैं या जीवन में बार-बार रुकावटें आ रही हैं, तो आज यानी 17 अप्रैल की वैशाख अमावस्या आपके लिए खास अवसर लेकर आई है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अमावस्या तिथि पितरों को प्रसन्न करने के लिए अत्यंत शुभ मानी जाती है। इस दिन सच्चे मन से किए गए उपाय पितृ दोष को शांत कर सकते हैं और जीवन में तरक्की के नए रास्ते खोल सकते हैं।

ज्योतिष और धार्मिक परंपराओं के अनुसार, अमावस्या की शाम पितरों की कृपा प्राप्त करने के लिए विशेष मानी जाती है। इस दौरान पितृ कवच और पितृ स्तोत्र का पाठ करने से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और सकारात्मकता का संचार होता है। मान्यता है कि इससे रुके हुए कार्यों में गति आती है और आर्थिक तथा पारिवारिक समस्याओं में भी राहत मिलती है।
क्या करें आज शाम?
विशेषज्ञों के मुताबिक, सूर्यास्त के बाद शांत मन से दीप जलाकर पितरों का स्मरण करें और पितृ कवच व पितृ स्तोत्र का पाठ करें। इसके साथ ही तिल, कुश और जल अर्पित करना भी लाभकारी माना जाता है।
क्या मिलते हैं लाभ?
- पितृ दोष में कमी आती है
- जीवन की बाधाएं दूर होती हैं
- कार्यों में सफलता मिलने लगती है
- घर में सुख-शांति और समृद्धि बढ़ती है
धार्मिक मान्यता है कि यदि यह उपाय श्रद्धा और नियमपूर्वक किए जाएं, तो पितरों का आशीर्वाद प्राप्त होता है और व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक बदलाव देखने को मिलते हैं।
