नई दिल्ली:
महिला आरक्षण से जुड़े ‘संविधान (131वां) संशोधन विधेयक 2026’ के संसद में पास न होने के बाद देश की राजनीति में घमासान तेज हो गया है। लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित होने के बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है।

इसी बीच बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों और वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ अहम बैठक की। बैठक में उन्होंने सभी राज्यों को निर्देश दिया कि वे विधानसभा का एक दिन का विशेष सत्र बुलाकर विपक्ष के खिलाफ “निंदा प्रस्ताव” पारित करें।
बीजेपी का आरोप है कि विपक्ष ने महिला आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक विधेयक को राजनीतिक कारणों से बाधित किया, जिससे महिला सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम रुक गया। वहीं विपक्ष सरकार पर गंभीर मुद्दों से ध्यान भटकाने और राजनीतिक लाभ लेने का आरोप लगा रहा है।
राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, इस मुद्दे पर आने वाले दिनों में राज्यों की राजनीति भी गरमा सकती है, क्योंकि निंदा प्रस्ताव के जरिए बीजेपी विपक्ष पर दबाव बनाने की रणनीति पर काम कर रही है।
आवाज़ प्लस के लिए रिपोर्ट।
