कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में आयोजित भव्य समारोह में पश्चिम बंगाल के नए मुख्यमंत्री Suvendu Adhikari ने पद और गोपनीयता की शपथ ली। उनके साथ बीजेपी के पांच वरिष्ठ नेताओं को भी मंत्रिमंडल में शामिल किया गया। नई सरकार में क्षेत्रीय और सामाजिक समीकरणों को साधने की कोशिश साफ दिखाई दी।

ये 5 नेता बने मंत्री
1. Dilip Ghosh
पश्चिम बंगाल बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं में गिने जाने वाले दिलीप घोष लंबे समय तक पार्टी संगठन में अहम भूमिका निभा चुके हैं। वे मेदिनीपुर से सांसद रह चुके हैं और RSS पृष्ठभूमि से आते हैं। संगठनात्मक पकड़ और हिंदुत्व चेहरे के तौर पर उनकी पहचान मजबूत मानी जाती है।
2. Agnimitra Paul
फैशन डिजाइनर से राजनेता बनीं अग्निमित्रा पॉल बंगाल बीजेपी का चर्चित महिला चेहरा हैं। आसनसोल दक्षिण से विधायक अग्निमित्रा को महिला वोट बैंक और शहरी राजनीति में पार्टी का मजबूत चेहरा माना जाता है।
3. Ashok Kirtania
बांगांव उत्तर सीट से विधायक अशोक कीर्तनिया ने लगातार दूसरी बार बड़ी जीत दर्ज की है। संगठन में उनकी सक्रियता और सीमावर्ती इलाकों में प्रभाव को देखते हुए उन्हें मंत्री बनाया गया है।
4. Khudiram Tudu
संथाल आदिवासी समाज से आने वाले खुदीराम टुडु को मंत्रिमंडल में शामिल कर बीजेपी ने आदिवासी समीकरण साधने का संदेश दिया है। रानीबांध सीट पर उनकी बड़ी जीत ने पार्टी नेतृत्व का भरोसा मजबूत किया।
5. Nisith Pramanik
उत्तर बंगाल में बीजेपी का मजबूत चेहरा माने जाने वाले निशीथ प्रमाणिक केंद्र सरकार में मंत्री रह चुके हैं। राजवंशी समुदाय में उनकी अच्छी पकड़ मानी जाती है और उन्हें पार्टी की युवा नेतृत्व टीम का अहम हिस्सा माना जाता है।
राजनीतिक संदेश साफ
नई कैबिनेट में महिला, आदिवासी और उत्तर बंगाल के नेताओं को जगह देकर बीजेपी ने 2026 के बाद के राजनीतिक समीकरणों को साधने की कोशिश की है। शुभेंदु अधिकारी सरकार का यह पहला मंत्रिमंडल विस्तार आने वाले समय में बंगाल की राजनीति को नई दिशा दे सकता है।
