लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में बुधवार को हुई उत्तर प्रदेश कैबिनेट बैठक में कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक में शिक्षा, बुनियादी ढांचे और सामाजिक सम्मान से जुड़े महत्वपूर्ण फैसले लिए गए, जिनका सीधा असर लाखों लोगों पर पड़ेगा।

सबसे बड़ा फैसला शिक्षामित्रों के मानदेय को लेकर लिया गया। योगी सरकार ने शिक्षामित्रों का मानदेय 10,000 रुपये से बढ़ाकर 18,000 रुपये करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। बढ़ी हुई राशि का भुगतान 1 मई से लागू होगा। इसके साथ ही अंशकालिक अनुदेशकों का मानदेय भी 9,000 रुपये से बढ़ाकर 17,000 रुपये कर दिया गया है।
कैबिनेट बैठक के बाद उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने जानकारी देते हुए बताया कि 20 से अधिक प्रस्तावों पर चर्चा कर उन्हें मंजूरी दी गई। उन्होंने कहा कि बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर और संविधान निर्माताओं की प्रतिमाओं के संरक्षण और सौंदर्यीकरण का विशेष अभियान चलाया जाएगा।
सरकार ने निर्णय लिया है कि डॉ. अंबेडकर की प्रतिमाओं पर छत्र, बाउंड्री वॉल और चबूतरे का निर्माण किया जाएगा। इस अभियान की शुरुआत 14 अप्रैल (आंबेडकर जयंती) से की जाएगी।
इसके अलावा प्रदेश की हर विधानसभा क्षेत्र में डॉ. अंबेडकर के 10 स्मारकों का विकास किया जाएगा। इस योजना के लिए सरकार ने 403 करोड़ रुपये खर्च करने का फैसला किया है।
वहीं, बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के तहत राज्य के 49 बस अड्डों को एयरपोर्ट की तर्ज पर विकसित किया जाएगा, जिससे यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं मिल सकें।
सरकार के इन फैसलों को आगामी समय में शिक्षा, सामाजिक सम्मान और यातायात सुविधाओं के क्षेत्र में बड़ा बदलाव लाने वाला माना जा रहा है।
