वैष्णो देवी यात्रा में लैंडस्लाइड का कहर, यूपी के दो युवक हादसे का शिकार – एक की मौत, दूसरा लापता

माता वैष्णो देवी के दर्शन के लिए हर साल लाखों श्रद्धालु जाते हैं। इस बार भी उत्तर प्रदेश से कई परिवार यात्रा पर निकले थे। लेकिन, 27 अगस्त को अचानक मौसम का कहर ऐसा टूटा कि यह यात्रा कई परिवारों के लिए खुशी की जगह मातम बन गई।

आगरा का शिव बंसल और दोस्तों की यात्रा

आगरा के खेरागढ़ निवासी 21 वर्षीय शिव बंसल अपने पांच दोस्तों के साथ माता वैष्णो देवी के दर्शन के लिए निकले थे। मंगलवार को ये लोग टैक्सी से कटरा के आसपास अन्य मंदिरों में दर्शन करने जा रहे थे। किशनपुर-डोमेल रोड पर गरनई लोटा के पास अचानक पहाड़ से मलबा और पानी का तेज बहाव आ गया। टैक्सी रुक गई और युवक बाहर निकल आए। इसी दौरान तेज बहाव में शिव बह गया।
इस हादसे की खबर मिलते ही परिवार के लोग सदमे में डूब गए। परिजन जम्मू के लिए रवाना हो चुके हैं और भगवान से प्रार्थना कर रहे हैं कि शिव सकुशल मिल जाए।

मुजफ्फरनगर का कश्यप परिवार भी हादसे का शिकार

यूपी का ही दूसरा परिवार, मुजफ्फरनगर के मिंटू कश्यप का भी लैंडस्लाइड में बुरी तरह से प्रभावित हुआ। मिंटू कश्यप अपनी पत्नी, बेटी, बेटे कार्तिक और रिश्तेदारों के साथ यात्रा पर निकले थे। हादसे में उनका बेटा कार्तिक की मौत हो गई, जबकि परिवार के चार लोग गंभीर रूप से घायल हैं और अस्पताल में इलाज चल रहा है।

प्रशासन और राहत कार्य

हादसे की सूचना मिलते ही एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों ने मौके पर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। लेकिन लगातार बारिश और मलबे के बहाव ने राहत कार्य को बेहद कठिन बना दिया।

दुखों का पहाड़ और सरकारी मदद

दोनों परिवारों में कोहराम मच गया। यूपी सरकार के मंत्री कपिल देव अग्रवाल पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे और हरसंभव मदद का आश्वासन दिया। वहीं, स्थानीय नेता भी दुख बांटने पहुंचे।

व्यापक तबाही

यह हादसा सिर्फ इन दो परिवारों तक सीमित नहीं रहा। प्रशासन के अनुसार, जम्मू-कटरा मार्ग पर इस भूस्खलन में कम से कम 31 लोगों की मौत और 23 लोग घायल हुए हैं। कई जगहों पर सड़कों पर मलबा जमा होने और पत्थर गिरने से मार्ग बंद कर दिया गया है। नॉर्दर्न रेलवे ने भी एहतियातन 22 ट्रेनें रद्द कर दीं।